यूनिफॉर्म सिविल कोड (Uniform Civil Code) एक विधानिक प्रणाली है जिसका उद्देश्य भारतीय समाज को समानता, न्याय और एकता के माध्यम से एक सामान्य नागरिक संहिता के तहत जोड़ना है।

सामान अवसर: यूनिफॉर्म सिविल कोड का मुख्य उद्देश्य सभी नागरिकों को एक समान अवसर प्रदान करना है,

यूनिफॉर्म सिविल कोड

 यूनिफॉर्म सिविल कोड का मुख्य उद्देश्य सभी नागरिकों को एक समान अवसर प्रदान करना है, जहां सभी व्यक्ति आपस में बराबर दर्जे के तहत समान अधिकारों का लाभ उठा सकते हैं।

सामान अवसर:

यह कोड वैवाहिक संबंधों को संरक्षित करने के नियमों और प्रक्रियाओं को निर्धारित करता है, जिससे सभी धर्मों के लोगों के लिए एक सामान संबंध का आदान-प्रदान हो सके।

वैवाहिक सम्बंध:

इस कोड के अंतर्गत, संपत्ति के उपयोग, वित्तीय मुद्दों और विवादों के निपटारे के लिए समान नियम और दिशा-निर्देश निर्धारित किए जाते हैं।

संपत्ति और विवाद:

यह सिविल कोड उपयोगी होता है जब किसी व्यक्ति द्वारा एक आपत्तिजनक विवाद या उलझन में आपसी समझौते की आवश्यकता होती है।

आपत्तिजनक विवादों का निपटारा:

यूनिफॉर्म सिविल कोड विधान करता है कि संपत्ति का वितरण कैसे होगा, जैसे वसीयता और आपत्तिजनक विवाद के मामलों में।

संपत्ति के वितरण:

यह कोड बताता है कि कैसे एक व्यक्ति की मृत्यु के बाद उसकी संपत्ति का अंतरवितरण होगा, जैसे वसीयता, वैवाहिक संपत्ति, आदि।

संपत्ति के अंतरवितरण:

इस कोड के अनुसार, नागरिकता के मामलों को समान रूप से निर्धारित किया जाएगा, जहां सभी नागरिकों को एक सामान दर्जे का लाभ मिलेगा।

नागरिकता: